त्वचा रोगों से राहत एवं आत्मविश्वास प्राप्ति के लिए बुध मंगल युति विशेष 17,000 बुध मूल मंत्र, 7,000 मंगल मूल मंत्र जाप और बुध मंगल शांति हवन|
त्वचा रोगों से राहत एवं आत्मविश्वास प्राप्ति के लिए बुध मंगल युति विशेष 17,000 बुध मूल मंत्र, 7,000 मंगल मूल मंत्र जाप और बुध मंगल शांति हवन|
त्वचा रोगों से राहत एवं आत्मविश्वास प्राप्ति के लिए बुध मंगल युति विशेष 17,000 बुध मूल मंत्र, 7,000 मंगल मूल मंत्र जाप और बुध मंगल शांति हवन|
त्वचा रोगों से राहत एवं आत्मविश्वास प्राप्ति के लिए बुध मंगल युति विशेष 17,000 बुध मूल मंत्र, 7,000 मंगल मूल मंत्र जाप और बुध मंगल शांति हवन|
त्वचा रोगों से राहत एवं आत्मविश्वास प्राप्ति के लिए बुध मंगल युति विशेष 17,000 बुध मूल मंत्र, 7,000 मंगल मूल मंत्र जाप और बुध मंगल शांति हवन|
त्वचा रोगों से राहत एवं आत्मविश्वास प्राप्ति के लिए बुध मंगल युति विशेष 17,000 बुध मूल मंत्र, 7,000 मंगल मूल मंत्र जाप और बुध मंगल शांति हवन|
त्वचा रोगों से राहत एवं आत्मविश्वास प्राप्ति के लिए बुध मंगल युति विशेष 17,000 बुध मूल मंत्र, 7,000 मंगल मूल मंत्र जाप और बुध मंगल शांति हवन|
बुध मंगल युति विशेष

17,000 बुध मूल मंत्र, 7,000 मंगल मूल मंत्र जाप और बुध मंगल शांति हवन

त्वचा रोगों से राहत एवं आत्मविश्वास प्राप्ति के लिए
temple venue
श्री मंगलनाथ महादेव मंदिर, उज्जैन
pooja date
11 जून, मंगलवार, ज्येष्ठ शुक्ल पंचमी
Warning Infoइस पूजा की बुकिंग बंद हो गई है
srimandir devotees
srimandir devotees
srimandir devotees
srimandir devotees
srimandir devotees
srimandir devotees
srimandir devotees
अब तक2,00,000+भक्तोंश्री मंदिर द्वारा आयोजित पूजाओ में भाग ले चुके हैं

त्वचा रोगों से राहत एवं आत्मविश्वास प्राप्ति के लिए बुध मंगल युति विशेष 17,000 बुध मूल मंत्र, 7,000 मंगल मूल मंत्र जाप और बुध मंगल शांति हवन|

ज्योतिषशास्त्र में बुध एवं मंगल को शत्रु ग्रह माना जाता है, इसलिए जब ये ग्रह किसी की कुंडली में एक साथ आ जाते हैं तो कई तरह की परेशानियां आने लगती है। बुध ग्रह बुद्धि, संचार, तर्क, मानसिक क्षमताओं और वाणी को नियंत्रित करता है। जबकि कुंडली में कमजोर या पीड़ित बुध आत्मविश्वास की कमी का कारण बनता है। इसके अलावा, बुध को त्वचा का कारक माना जाता है, इसलिए इसके कमजोर होने पर त्वचा संबंधी समस्याएं हो सकती हैं। वहीं मंगल रक्त से संबंधित है, इसलिए जब यह अशुभ स्थिति में होता है तो रक्त विकार पैदा कर सकता है, जिससे त्वचा संबंधी समस्याएं भी हो सकती हैं।

माना जाता है कि आश्लेषा नक्षत्र का स्वामी बुध है, इसलिए इस नक्षत्र के दौरान बुध की पूजा करने से बुध के कारण होने वाले नकारात्मक प्रभावों को कम किया जा सकता है। इसके अलावा, मंगल ग्रह मंगलवार को नियंत्रित करता है, इसलिए इसके प्रतिकूल प्रभावों को कम करने के लिए मंगल की पूजा करना अत्यंत लाभकारी है। अत: आश्लेषा नक्षत्र एवं मंगलवार के शुभ संयोग में उज्जैन के श्री मंगलनाथ महादेव मंदिर में 17,000 बुध मूल मंत्र, 7,000 मंगल मूल मंत्र जाप एवं बुध मंगल शांति हवन का आयोजन किया जाएगा। इस विशेष पूजा में भाग लें और त्वचा रोगों से निजात पाएं एवं आत्मविश्वास प्राप्त करें।

पूजा लाभ

puja benefits
त्वचा रोगों से राहत पाएं
ज्योतिष में, मंगल एवं बुध ग्रह त्वचा से जुड़े हैं। कुंडली में इनका संयोजन कभी-कभी त्वचा संबंधी समस्याओं को जन्म देता है। माना जाता है कि 17,000 बुध मूल मंत्र, 7,000 मंगल मूल मंत्र जाप और बुध मंगल शांति हवन करने से इनके संयोग के नकारात्मक प्रभावों को कम किया जा सकता है और साधक को त्वचा रोगों से राहत मिलती है।
puja benefits
आत्मविश्वास की प्राप्ति
मंगल साहस, आत्मविश्वास और दृढ़ता का ग्रह है, जबकि बुध संचार और बुद्धि को प्रभावित करता है। जब ये ग्रह एक साथ होते हैं, जिसमें यदि बुध कमजोर या पीड़ित होता है तो इसके परिणामस्वरूप आत्मविश्वास की कमी आ जाती है। मंगलवार को आश्लेषा नक्षत्र के दौरान बुद्ध मूल मंत्र जाप, मंगल मूल मंत्र जाप और बुद्ध मंगल शांति हवन करने से इन प्रभावों को कम करने में मदद मिलती है, जिससे आत्मविश्वास में वृद्धि होती है।
puja benefits
संघर्षों से राहत
कुंडली में बुध एवं मंगल की युति कभी-कभी पारस्परिक संबंधों में बहस, विवाद या संघर्ष की प्रवृत्ति को जन्म दे सकती है। बुध संचार और बुद्धि को नियंत्रित करता है, जबकि मंगल आक्रामकता और मुखरता का प्रतिनिधित्व करता है। जब ये ऊर्जाएं संयोजित होती हैं, तो व्यक्ति को कई संघर्षों का सामना करना पडता है। माना जाता है कि 17,000 बौद्ध मूल मंत्र, 7,000 मंगल मूल मंत्र जाप और बुध मंगल शांति हवन करने से इस संयोजन के नकारात्मक प्रभावों को शांत किया जा सकता है, जिससे रिश्तों में बेहतर संचार और संघर्ष समाधान को बढ़ावा मिलता है।

पूजा प्रक्रिया

Number-0

पूजा चयन करें

4 विभिन्न पूजा पैकेज ऑप्शन से चयन करें।
Number-1

अर्पण जोड़ें

अपनी पूजा के साथ गौ सेवा, वस्त्र दान, दीप दान भी करें। पूजा के लिए भुगतान करें।
Number-2

संकल्प विवरण दर्ज करें

अपना नाम और गोत्र दर्ज करें।
Number-3

पूजा दिन

अनुभवी पंडितों द्वारा वैदिक प्रक्रिया के अनुसार पूजा होगी। आपको अपने WhatsApp नंबर पर अपडेट्स मिलेंगे।
Number-4

पूजा वीडियो एबं तीर्थ प्रसाद डिलीवरी

अपने पंजीकृत WhatsApp नंबर पर पूजा के 4-5 दिनों में पूजा वीडियो एबं आपके दिए गए पते पर 8-10 दिनों बाद तीर्थ प्रसाद प्राप्त करें ।

श्री मंगलनाथ महादेव मंदिर, उज्जैन

श्री मंगलनाथ महादेव मंदिर, उज्जैन
मध्यप्रदेश में स्थित महाकाल की नगरी ‘उज्जैन’ को सभी तीर्थ क्षेत्रों में श्रेष्ठ माना गया है। मान्यता है इस नगरी में मंगल ग्रह की शांति के लिए 'मंगलनाथ मंदिर' से बढ़कर कोई स्थान नहीं है। जिन व्यक्तियों की कुंडली में मंगल दोष होता है, वो अपने अनिष्ट ग्रहों की शांति के लिए मंगलनाथ मंदिर में पूजा-पाठ करवाने आते हैं। मत्स्य पुराण के अनुसार मंगलनाथ उज्जैन को मंगल ग्रह का जन्मस्थान माना गया है।

मान्यता है कि इस स्थान पर मंगलग्रह की सीधी किरणें पड़ती हैं। इस पवित्र स्थान से कर्क रेखा भी गुजरती है। इन्हीं कारणों से जन्म कुंडली में मंगल ग्रह से संबंधित सभी दोषों के निवारण के लिए मंगलनाथ में भात पूजा का विशेष महत्व बताया गया है। मंगल को भगवान शिव और पृथ्वी का पुत्र कहा गया है। इस कारण इस मंदिर में मंगल की उपासना महादेव के रूप में की जाती है। इस मंदिर में मांगलिक दोष निवारण पूजा कराने से मांगलिक दोष के सभी दुष्प्रभावों से मुक्ति मिलती है।

पूजा का चयन करें

1251

पार्टनर पूजा

अधिकतम 2 व्यक्ति के लिए पूजा कराएं

पूजा-संकल्प में पंडित जी आपके द्वारा दिये गये नाम और गोत्र का उच्चारण करेंगे।
आपके नाम-संकल्प से संपन्न हुई पूजा का वीडियो आपके साथ शेयर किया जायेगा एवं तीर्थ-प्रसाद आपके दिए गए पते पर भेजा जायेगा।

कैसा रहा श्री मंदिर पूजा सेवा का अनुभव?

क्या कहते हैं श्रद्धालु?
User review
User Image

जय राज यादव

दिल्ली
User review
User Image

रमेश चंद्र भट्ट

नागपुर
User review
User Image

अपर्णा मॉल

पुरी
User review
User Image

शिवराज डोभी

आगरा
User review
User Image

मुकुल राज

लखनऊ

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्नों